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 “फुल टाइम जॉब करते वक्त IAS की तैयारी कैसे करें?” क्या आपके मन में भी यह सवाल चलता रहता है.तो आज हम भी आपको बता देते है की आप 9 से 5 की नौकरी करने के साथ-साथ IAS की परीक्षा कैसे पास कर सकते हैं?”

वैसे ज्यातर आईएएस परीक्षार्थी लगभग 15 से 18 घंटे प्रतिदिन की पढ़ाई करते हैं, वहीं यदि आप फुल-टाइम जॉब कर रहे हैं, तो आप बमुश्किल 3 से 4 घंटे पढ़ाई के लिए निकाल पाते हैं, वह भी नियमित रूप से नहीं. लेकिन यदि आप जॉब में रहते हुए आईएएस परीक्षा क्रैक करना चाहते हैं तो आप को भी सही प्लान और परिश्रम करना पड़ेगा.

आपको जब भी थोड़ा वक्त मिले, उसका उपयोग आप परीक्षा की तैयारी के लिए करें. लंच टाइम सहित आपको जो भी छोटे-छोटे ब्रेक मिलें, उनका उपयोग अखबार व मैग्जीन पढ़ने के लिए करें. ये लाइट रीडिंग टॉपिक्स होते हैं, जिनमें करंट अफेयर्स की जानकारी मिल जाती है. इन टॉपिक्स को बहुत गौर से पढ़ने के लिए समय नहीं निकालना होता. साथ ही, बेहतर होगा कि आप एक पर्सनल जर्नल भी बनाएं, जिसमें आप यह दर्ज करते चलें कि आपने दिन भर में क्या-क्या पढ़ा.

सबसे जरूरी है IAS परीक्षा को समझना

आप IAS की तैयारी शुरू करने से पहले आपको IAS परीक्षा को समझना बेहद जरूरी है. भारतीय सिविल सेवा परीक्षा, संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित की जाती है. इसे आम तौर पर UPSC कहा जाता है. देश की सबसे कठिन भर्ती परीक्षाओं में से एक जानी जाने वाली इस परीक्षा में बैठने वाले प्रत्येक उम्मीदवार के लिए स्क्रीनिंग के 3 स्तर होते हैं.

IAS प्रारंभिक परीक्षा (ऑब्जेक्टिव MCQ पर आधारित)
IAS मेंस परीक्षा (लिखित परीक्षा)
साक्षात्कार / व्यक्तित्व परीक्षण

 

स्टेज I – IAS प्रारंभिक परीक्षा

पहला स्तर- जो कि UPSC IAS प्रारंभिक परीक्षा होता है, उसमें ऑब्जेक्टिव प्रकार (बहुविकल्पीय प्रश्न) के कुल 400 अंकों के दो पेपर शामिल होंगे. इस परीक्षा का मुख्य उद्देश्य मेंस परीक्षा के लिए उम्मीदवारों को छांटना और उनकी स्क्रीनिंग करना है. IAS प्रारंभिक परीक्षा में दो पेपर होंगे – जनरल स्टडीज़ और ऐप्टिट्यूड.

जनरल स्टडीज़ में भारतीय इतिहास, वर्तमान घटनाक्रम, भारतीय और विश्व भूगोल, भारतीय राजनीति, अर्थशास्त्र, विज्ञान और तकनीक और पर्यावरण अध्ययन जैसे विषय शामिल रहेंगे. ऐप्टिट्यूड में कॉम्प्रिहेंशन, लॉजिकल रीज़निंग, अंग्रेज़ी भाषा, मेंटल ऐबिलिटी आदि विषय शामिल होंगे. प्रत्येक सेक्शन 200 अंकों का होता है और IAS परीक्षा के उम्मीदवारों को प्रत्येक पेपर को हल करने के लिए 2 घंटे का समय दिया जाएगा. सिर्फ़ वे उम्मीदवार जो ये परीक्षा उत्तीर्ण करेंगे, वे ही IAS मेंस परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं.

स्टेज 2 – IAS मेंस परीक्षा

source: IAS EXAM PORTAL

IAS प्रारंभिक परीक्षा आम तौर पर मई और जून में आयोजित की जाती है और जुलाई – अगस्त में परिणामों की घोषणा की जाती है. यदि आपको भी लगता है कि IAS प्रारंभिक परीक्षा उत्तीर्ण करना किसी रोमांच से कम नहीं तो इसके लिए तैयार हो जाइए.

IAS मेंस परीक्षा में कुल 9 पेपर होंगे, जिनमें परंपरागत निबंध पर आधारित प्रश्न शामिल होंगे. इन 9 लिखित प्रश्न पत्रों में 2 क्वॉलिफ़ाइंग होंगे. स्पष्ट रूप से कहें तो इन दो पेपर के अंक कुल स्कोर 1750 में नहीं जोड़े जाएंगे.

अभी तक की जानकारी सही लग रही है ना! मेंस में चुने हुए उम्मीदवार स्क्रीनिंग के अंतिम राउंड में प्रवेश करेंगे जो कि साक्षात्कार होगा.

स्टेज 3 – साक्षात्कार

यदि आप कुछ समय से UPSC IAS की तैयारी करते रहें हैं तो आप जानते होंगे कि सिविल सेवा परीक्षा का साक्षात्कार राउंड अपने आप में विशिष्ट होता है. उच्च प्रशिक्षित व्यक्तियों का एक पैनल आपको ज्वलंत, चुनौतीपूर्ण और अत्यंत चिंतनशील प्रश्नों के बीच ले जाएगा, आपके उत्तरों से आपकी पहचान करेगा. साक्षात्कार राउंड 275 अंकों का होता है.

IAS परीक्षा की अंतिम मेरिट सूची मेंस और साक्षात्कार में आपके प्रदर्शन के आधार पर बनाई जाएगी. इस पूरी प्रक्रिया में 1 वर्ष का लंबा समय लगता है और मात्र मुठ्ठी भर लोग ही इस अंतिम पड़ाव को पार कर पाते हैं.

नौकरी करते हुए IAS की तैयारी

हज़ारों मील लंबे सफ़र की शुरुआत एक कदम से होती है. इसी को ध्यान में रखते हुए, तैयार करते हैं आपके आगामी IAS 2019 परीक्षा का स्टडी प्लान और सुनिश्चित करें कि यह आपके काम के प्रदर्शन में बाधा ना बने.

1. समय प्रबंधन – इसका बेहतर प्रयोग सुनिश्चित करें

आगामी सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी के लिए यह सबसे बड़ी ज़रूरत है. हालांकि IAS परीक्षा की प्रक्रिया एक साल तक चलती है, इसलिए IAS परीक्षा की तैयारी के लिए अपने समय का अतिरिक्त हिस्सा देने की दिशा में तैयार हो जाएं.

नियमित रूप से 3 – 4 घंटे रोज़ पढ़ने के अलावा सुनिश्चित करें कि आप बीच के अंतरालों में भी पढ़ते रहें. जैसे –रोज़ सुबह नाश्ता करते समय या ऐसे भी समाचार पत्र (द हिंदु और इकॉनमिक टाइम्स) पढ़ना. करंट अफ़ेयर्स के अपने स्तर को बढ़ाने के लिए नवीनतम लेखों को पढ़ना.

2. IAS परीक्षा की संरचना को समझें

जैसा कि ऊपर दिए गए सेक्शन में हमने ज़ोर देकर कहा है कि आपको UPSC IAS परीक्षा पैटर्न और उसकी संरचना से भलीभांति अवगत होना चाहिए. कैसे करें IAS परीक्षा की तैयारी पर विचार करने से पहले ये ज़रूरी है कि क्या तैयार करना है.

सबसे पहले IAS प्रारंभिक परीक्षा की तैयारी करें. आपको लिखित परीक्षा के ऑब्जेक्टिव पैटर्न और उसकी जटिलताओं की जानकारी होनी चाहिए. IAS मेंस, प्रारंभिक परीक्षा से भिन्न होती है. सब्जेक्टिव पैटर्न के लिए विषय की गहरी समझ होना आवश्यक होता है. इसलिए यह सलाह दी जाती है कि परीक्षा के पैटर्न से आप परिचित हों और वही पढ़ें, जो ज़रूरी है.

3. स्टडी टाइम टेबल बनाएं

यदि आप एक पेशेवर के तौर पर काम कर रहे हैं तो आपको IAS परीक्षा उत्तीर्ण करने के लिए एक स्टडी टाइम टेबल के अनुसार चलना अत्यंत आवश्यक है. स्टडी टाइम टेबल तैयार करते वक्त इन चीज़ों को ध्यान में रखें.

आपको काम करने वाले दिनों में 2 से 3 घंटे और वीकेंड पर 5 से 6 घंटे तैयारी करनी चाहिए.
प्रत्येक सेक्शन हर हफ़्ते में 3 बार आना चाहिए ताकि आप अपने प्रदर्शन का ट्रैक रखने में सक्षम हों.
बाद में आपको पुनरावृत्ति और मॉक टेस्ट के लिए विशेष समय देना होगा.

IAS परीक्षा की तैयारी के समय सभी प्रकार के भ्रमित करने वाली चीज़ों (फ़ेसबुक, व्हाट्सऐप) से बचें.
देर रात तक पढ़ने के बजाय आपको दिन में ही पढ़ने की सलाह दी जाती है ताकि आप अपने दिमाग को आराम दे सकें और नए विचार सोच सकें.

4. घंटों नहीं, मिनटों में पढ़ें

समय की कमी के चलते आपको अपने स्टडी सेशंस की प्लानिंग बहुत सावधानी से करनी होगी. जब समय कम हो, तो एक-एक सेकंड मायने रखता है. इसलिए अपना स्टडी प्लान घंटों के आधार पर नहीं, मिनटों के आधार पर बनाएं.

मसलन, यदि आपको मॉडर्न इंडियन हिस्ट्री पढ़ना है, तो आप उसे अलग-अलग टॉपिक्स में बांट सकते हैं, जैसे 1857 की क्रांति और उसके बाद लाए गए सुधार, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना, गांधी के बादभारत, भारत का राष्ट्रीय आंदोलन, गवर्नमेंट ऑफ इंडिया एक्ट 1935 आदि.

इन टॉपिक्स को आप सब-टॉपिक्स में बांट सकते हैं. ऐसा प्रत्येक सब-टॉपिक कुछ मिनटों में पढ़ा जा सकता है. बड़े टॉपिक्स को टुकड़ों में बांटने सेवआपका टाइम मैनेजमेंट तो अच्छा होगा ही, आप अध‍िक समय तक अध‍िक जानकारी याद भी रख पाएंगे.

5. पूरी तरह इंटरनेट पर निर्भर न रहें

इसमें कोई शक नहीं कि आईएएस की पढ़ाई में इंटरनेट आपका साथी साबित होता है लेकिन यदि आपने सावधानी नहीं बरती, तो यही आपका दुश्मन भी बन सकता है. इंटरनेट पर दुनिया भर का ज्ञान और सूचनाएं होती हैं, इसलिए यह आईएएस की तैयारी में बहुत काम आता है. मगर यहां यह खतरा हमेशा रहता है कि आप उस विषय से भटक भी सकते हैं, जिसे पढ़ने के लिए आपने इंटरनेट खोला था. आपको एहसास ही नहीं होता कि कब आप काम की चीज पढ़ते-पढ़ते बेकार चीज पढ़ने लग गए! अखबारों व मैग्जीनों में यह खतरा बहुत कम रहता है.

6. चयनशील पढ़ाई

उन सभी के लिए जो “चयनशील पढ़ाई” शब्द से अवगत नहीं हैं, इसका मतलब होता है कई स्त्रोतों से पढ़ना. इसी क्रम में IAS परीक्षा की तैयारी के लिए सही स्त्रोतों से पढ़ना भी उतना ही महत्वपूर्ण है.

समाचार पत्रों में हम द हिंदु, द इकोनॉमिक टाइम्स और द स्टेट्समेन पढ़ने की सलाह देते हैं. IAS प्रारंभिक परीक्षा में चयन की तैयारी के लिए हम NCERT की पुस्तकें पढ़ने की सलाह देंगे ताकि बुनियादी बातों की अच्छी समझ विकसित हो. संदर्भ पुस्तकें बाद में पढ़ी जा सकती हैं. आप एक ही दिन में सभी विषय कवर नहीं कर सकते. जैसा कि ऊपर दिए बिंदु में बताया गया है कि एक योजना होती ही है.

7. NCERT पुस्तकें 

IAS की तैयारी के लिए स्कूल के समय की पुरानी NCERT पुस्तकों से पढ़ने के अलावा कोई और बेहतर उपाय नहीं है. इसके कुछ कारण हैं कि क्यों NCERT पुस्तकें IAS परीक्षा की तैयारी के लिए उत्तम स्रोत हैं.

मूल की स्पष्टता
भाषा की सरलता
अच्छे सचित्र उदाहरण
सूचना की प्रामाणिकता
आपके स्टडी टाइम टेबल की शुरुआत NCERT पुस्तकों से ही होनी चाहिए क्योंकि ये भविष्य में आने वाले विषयों के लिए बेहतर नींव रखने में कारगर होती हैं.

8. सिलेक्टिव स्टडी करें

इस परीक्षा का सिलेबस बेहद लेंदी है और जो लोग बिना जॉब किए पढ़ाई कर रहे हैं, उन्हें भी सिलेबस पूरा करने में दिक्कत आती है. इसलिए सब कुछ पढ़ने के प्रयास के बजाए सिलेक्टिव स्टडी करें. डिफिकल्टी लेवल के आधार पर टॉपिक्स को शॉर्ट-लिस्ट करें और केवल उन टॉपिक्स को पढ़ने में अपना समय लगाएं, जो आपको परीक्षा क्रैक करने में मदद करेंगे.

9. वर्तमान घटनाक्रमों से अच्छी तरह से परिचित रहें

सिविल सर्विसेज की IAS प्रारंभिक परीक्षा मुख्य रूप से जनरल नॉलेज और ऐप्टिट्यूड पर आधारित होती है. सिर्फ़ एक अच्छे से तैयार उम्मीदवार ही प्रश्नों का जवाब आसानी से और पूरे विश्वास के साथ दे सकता है. आप अभी Online Tyari ऐप डाउनलोड कर सकते हैं और Daily GK Updates के लिए सब्सक्राइब कर सकते हैं.

समाचार पत्र निश्चित ही करंट अफ़ेयर्स के लिए प्राथमिक स्रोत के रूप में काम करेगा लेकिन ऐप से पढ़ने में आसानी होगी, इसका विश्वास हम दिलाते हैं.

10. पिछले वर्षों के प्रश्न पत्र और मॉक टेस्ट हल करें

चूंकि आप पेशेवर के रूप में कार्य कर रहें हैं इसलिए आप कुछ समय बाद टेस्ट देने की क्षमता को खो सकते हैं. इसलिए ऑब्जेक्टिव टेस्ट में अपनी पकड़ बढ़ाने के लिए आपको IAS परीक्षा से संबंधी ज़्यादा-से-ज़्यादा मॉक टेस्ट और प्रैक्टिस पेपर हल करने होंगे.

पिछले वर्ष के IAS पेपरों को हल करने से शुरु करें और प्रश्न पत्र का स्तर समझने की कोशिश करें. जैसे–जैसे आप आगे बढ़ेंगे, आपको एक उचित रणनीति बनाने की ज़रूरत होगी.

11. पुनरावृत्ति 

आपकी सभी “कैसे करें IAS परीक्षा की तैयारी” के लिए टिप्स पूर्ण रूप से व्यर्थ हो जाएंगे, यदि आपने पुनरावृत्ति के लिए समय नहीं दिया.

अपने कुल आवंटित समय में से कम-से-कम 25-30% पढ़ाई का समय IAS परीक्षा के लिए पिछले दिनों या हफ़्तों किए गए ज्ञान अर्जित की पुनरावृत्ति और पुन: अवलोकन के लिए समर्पित करें.

IAS परीक्षा एक चुनौती है और आप जानते हैं कि चुनौतियों से पार कर ही इंसान बेहतर बनता है.