कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और देश के पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम को सीबीआई गिरफ्तार किया है. मामला मनी लांड्रिंग का बताया जा रहा है. कार्ति को लंदन से लौटते ही उनके घर से अरेस्ट किया गया. सीबीआई ने गिरफ्तारी के पीछे तर्क दिया है कि वो जांच में मदद नहीं कर रहे थे. इससे पहले सोमवार को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्टने कार्ति चिदंबरम के चाटर्ड अकाउंटेंट एक भास्करन को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा था.

16 फरवरी को किया था गिरफ्तार-

भास्कररमन को 16 फरवरी को राष्ट्रीय राजधानी के एक पांच सितारा होटल से गिरफ्तार किया गया था. कार्ति का नाम 2007 में आईएनएक्स मीडिया में कोषों को स्वीकार करने के लिए विदेशी निवेश संबर्धन बोर्ड की मंजूरी से जुड़े एक मामले में सामने आया है. उस समय उनके पिता पी चिदंबरम केंद्रीय वित्त मंत्री थे. ईडी ने विगत में दावा किया था कि सीए भास्कररमन ‘गलत तरीके से अर्जित संपत्ति’ के प्रबंधन में कार्ति की मदद कर रहे थे.

सीबीआई इस मामले की अलग से जांच कर रही है. सीबीआई की प्राथमिकी में भी आईएनएक्स मीडिया के निदेशकों, पीटर और इंद्राणी मुखर्जी नामजद हैं. पीटर और इंद्राणी दोनों शीना बोरा हत्याकांड के आरोपी हैं. पूर्व वित्त मंत्री पी.चिंदबरम के कार्यकाल के दौरान आईएनएक्स मीडिया के लिए एफआईपीबी की मंजूरी दिलाने में कार्ति की कथित भूमिका की जांच की जा रही है. इस मामले में कार्ति को कथित तौर पर इसके एवज में मुंबई स्थित आईएनएक्स मीडिया से 3.5 करोड़ रुपए मिलने का आरोप है. आईएनएक्स मीडिया अब 9एक्स मीडिया के नाम से जाना जाता है.